श्रीगंगानगर। राजस्थान राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण, जयपुर के निर्देश पर विद्यालयों में विधिक साक्षरता और संवेदीकरण हेतु ”ट्रांसफोरमेटिव ट्यूज्डे“ कार्यक्रम को निरन्तर जारी रखते हुए जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के अध्यक्ष श्री रविन्द्र कुमार (जिला एवं सेशन न्यायाधीश) के निर्देशानुसार जिला श्रीगंगानगर न्यायक्षेत्र के समस्त न्यायिक अधिकारीगण द्वारा विभिन्न विद्यालयों में ’’अजनबियों से सावधान’’ थीम पर विधिक जागरूकता शिविरों का आयोजन किया गया।
इसी क्रम में जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के सचिव श्री रवि प्रकाश सुथार (अपर जिला एवं सेशन न्यायाधीश) श्रीगंगानगर द्वारा मंगलवार को ग्लोरियस कॉन्वेंट स्कूल, श्रीगंगानगर में अजनबियों से सावधान थीम पर विधिक जागरूकता शिविर का आयोजन किया गया।
शिविर के दौरान एडीजे श्री रवि प्रकाश सुथार ने स्कूल के विद्यार्थियों को सम्बोधित करते हुए ”स्ट्रेंजर डेंजर” (अजनबियों से संभावित खतरे) आधारित थीम पर बताया कि वे किसी भी अपरिचित व्यक्ति द्वारा दिये गये लालच, उपहार या खाने-पीने की वस्तुओं से दूर रहें और बिना अभिभावकों की अनुमति के किसी अनजान व्यक्ति के साथ कहीं न जाए।
इसी प्रकार उन्होंने विद्यार्थियों को दैनिक जीवन में यदि कोई अजनबी आपको उपहार, लिफ्ट या मिठाई दे तो साफ और निडर होकर ’’नहीं’’ कहें। ‘‘दूर जाओ‘‘।
यदि कोई आपका पीछा करें या जबरदस्ती करने की कोशिश करें, तो तुरंत किसी भीड़-भाड़ वाली जगह की ओर भागें। ‘‘बताओ‘‘ यदि किसी भी संदिग्ध घटना की जानकारी तुरंत अपने माता-पिता, शिक्षकों, या सुरक्षा अधिकारियों को दें।
इसी क्रम में चीफ श्री रोहताश यादव द्वारा विद्यार्थियों को आत्म-सुरक्षा के बुनियादी नियम सिखाते हुए कहा कि किसी भी संदिग्ध या असहज परिस्थिति में तुरंत ना कहें।
सुरक्षित स्थान पर भागें और अपने माता-पिता, शिक्षकों या चाइल्ड हेल्पलाईन नंबर 1098 व नालसा हेल्पलाईन नंबर 15100 पर संपर्क करें।
इसी दौरान श्री अमन चलाना, डिफेंस काउंसिल ने भारतीय न्याय संहिता, 2023 तथा अन्य अधिनियमों के तहत बच्चों के खिलाफ अपराधों पर कठोर दंड के प्रावधानों के बारे में बताया।
विद्यालय की प्रधानाचार्य श्री मनीष चौधरी व विद्यालय स्टॉफ उपस्थित रहे।
