तक्षशिला विद्यापीठ की प्रो. नीतू मेनारिया एवं महाविद्यालयी शैक्षिक स्टाफ के मार्गदर्शन में बी.एड. के छात्राध्यापकों ने मेवाड़ के ऐतिहासिक एवं सनातन संस्कृति सम्बन्धित स्थलों यथा गोगुन्दा, कुम्भलगढ़, रणकपुर, चारभुजानाथ इत्यादि पुरा स्थलों के शैक्षणिक अध्ययन के दौरान नयी शिक्षा नीति के तहत भारतीय ज्ञान-विज्ञान तकनीकी के साथ मेवाड़ के प्रमुख व्यापारिक मार्गों पर निर्मित दुर्गों, जलाशयों, महलों, कुओं-बावड़ियों की महत्ता समझी।
तक्षशिला विद्यापीठ के छात्राध्यापकों का एक दिवसीय शैक्षिक भ्रमण सम्पन्न
मुख्य बिंदु
- तक्षशिला विद्यापीठ की प्रो.
- नीतू मेनारिया एवं महाविद्यालयी शैक्षिक स्टाफ के मार्गदर्शन में बी.
- के छात्राध्यापकों ने मेवाड़ के ऐतिहासिक एवं सनातन संस्कृति सम्बन्धित स्थलों यथा गोगुन्दा, कुम्भलगढ़, रणकपुर, चारभुजानाथ इत्यादि पुरा स्थलों के शैक्षणिक अध्ययन के दौरान नयी शिक्षा नीति के तहत भारतीय ज्ञान-विज्ञान तकनीकी के साथ मेवाड़ के प्रमुख व्यापारिक मार्गों पर निर्मित दुर्गों, जलाशयों, महलों, कुओं-बावड़ियों की महत्ता समझी।