उदयपुर। मुख्यमंत्री श्री भजनलाल शर्मा के निर्देशन में राजस्थान सरकार सुशासन और जनसेवा को लेकर कृत संकल्पित है।
इसी भावना के साथ चल रहे विकसित भारत-जन सेवा अभियान के तहत शनिवार से गिरदावर सर्किल (भू-अभिलेख निरीक्षक वृत्त) मुख्यालय पर विशेष शिविरों का आयोजन किया गया।जिला कलक्टर गौरव अग्रवाल एवं जिला परिषद सीईओ प्रीतम कुमार के निर्देशन में शनिवार सुबह 9.30 बजे से जिले के सभी गिरदावर सर्कल मुख्यालयों पर विशेष जन सेवा शिविर प्रारंभ हुए।
शिविरों में ग्रामीण सेवा शिविर-2026 और सेवा सेतु अभियान के दौरान लम्बित रहे मामलों को प्राथमिकता से निस्तारित किया गया। शिविरों के दौरान त्वरित कार्रवाई कर आमजन के कार्यों का मौके पर ही अंतिम रूप से निस्तारण सुनिश्चित किया गया।
इससे लोगों को बड़ी राहत मिली। शिविरों में राजस्व अभिलेख और खातों का शुद्धिकरण, आपसी सहमति से खातों का विभाजन (बंटवारा), रास्ते से जुड़े विवादों का निस्तारण, नांमातरण (म्यूटेशन) सम्बन्धी प्रकरण, सरकारी, चारागाह और विभागीय भूमियों से अतिक्रमण हटाना, भूमिहीन किसानों को भूमि का आवंटन और गैर-खातेदारी से खातेदारी अधिकार प्रदान करना, सीमाज्ञान व पत्थरगढ़ी के मामलों का निपटारा, जाति, मूल निवास और हैसियत प्रमाण-पत्र जारी करना तथा फॉर्मर रजिस्ट्री आदि कार्य संपादित किए गए।
वहीं अन्य विभागों से जुड़े प्रकरणों का भी निस्तारण कर आमजन को राहत प्रदान की गई।कोटड़ा में आदिवासी महिला को मिली हाथों हाथ पेंशन स्वीकृतिविकसित भारत जन अभियान के तहत कोटड़ा में आयोजित शिविर एक बुजुर्ग महिला के जीवन में बड़ा बदलाव लेकर आया है।
ग्राम लुंक पोस्ट - सदा की रहने वाली आदिवासी महिला श्रीमती टपूरी देवी पत्नी अजा को शिविर में प्रशासनिक टीम की मुस्तैदी के चलते मौके पर ही मुख्यमंत्री सामाजिक सुरक्षा पेंशन योजना की स्वीकृति प्रदान की गई।
कोटड़ा क्षेत्र अपनी कठिन भौगोलिक परिस्थितियों और जागरूकता की कमी के कारण अक्सर सरकारी योजनाओं के लाभ से वंचित रह जाता है। टपूरी देवी आर्थिक संबल के लिए लंबे समय से पेंशन योजना का लाभ लेने का प्रयास कर रही थीं।
शिविर के दौरान विकास अधिकारी शंभूराम गरासिया के कुशल मार्गदर्शन में टीम ने त्वरित कार्रवाई कर महिला को राहत प्रदान की।वर्षों का इंतजार खत्म, कुस्या बाई को मिला खाद्य सुरक्षा का हकराजस्थान सरकार के निर्देशानुसार पंचायत समिति कुराबड में आयोजित विकसित भारत जन सेवा अभियान के शिविर में प्रशासन ने संवेदनशीलता की एक बड़ी मिसाल पेश की है।
कास्या ग्राम पंचायत के परमदा निवासी कुस्या बाई पत्नी भैरू लाल पिछले कई सालों से खाद्य सुरक्षा योजना के तहत राशन पाने के लिए परेशान थीं।
शिविर में जब महिला ने अपनी पीड़ा अधिकारियों को बताई, तो शिविर प्रभारी व विकास अधिकारी जितेन्द्र सिंह राजावत ने तुरंत संज्ञान लिया। उनके निर्देश पर रसद विभाग ने त्वरित कार्यवाही करते हुए कुस्या बाई के लिए पात्रता का स्वीकृति पत्र जारी किया।
अब नियमित राशन मिलना शुरू हो जाएगा।मां-बेटी दोनों को मिला संबलकुराबड पंचायत समिति में चल रहे विकसित भारत जन सेवा शिविर में एक बेहद जटिल मामले को मौके पर ही सुलझाकर एक परिवार को बड़ी राहत दी गई है।
गुडली निवासी चम्पत बाई पत्नी गौतम जी विधवा पेंशन का आवेदन करने शिविर में पहुंची थीं। ई-मित्र के माध्यम से तकनीकी खराबी के कारण उनका आवेदन लंबे समय से अटका हुआ था, जिसकी वजह से उनकी पुत्री हर्षिता पटेल को भी पालनहार योजना का लाभ नहीं मिल पा रहा था।
मामले की गंभीरता को देखते हुए विकास अधिकारी और तकनीकी टीम ने शिविर में ही तुरंत आवश्यक कार्रवाई की।
चम्पत बाई की पेंशन योजना का आवेदन करवाकर मौके पर ही स्वीकृति जारी की गई और साथ ही उनकी पुत्री का नाम भी पालनहार योजना में सफलतापूर्वक दर्ज कर दिया गया, जिससे पीड़ित परिवार के चेहरे खिल उठे।
