उदयपुर। दिगंबर जैन समाज की ओर से महावीर भवन में पर्युषण पर्व का आयोजन धार्मिक श्रद्धा एवं हर्षाेल्लास के साथ किया जा रहा है।
पर्व के प्रथम दिन उत्तम क्षमा धर्म दिवस पर श्रीजी के अभिषेक, शांतिधारा एवं दशलक्षण धर्म विधान के साथ धार्मिक आयोजनों का शुभारंभ हुआ।
इस अवसर पर समाजजनों ने उत्साहपूर्वक भाग लेकर धर्म आराधना की।प्रातःकाल महावीर भवन में भगवान श्रीजी का अभिषेक एवं शांतिधारा विधिपूर्वक संपन्न कराई गई।
शांतिधारा का पुण्यार्जन सुंदरलाल जोलावत परिवार को प्राप्त हुआ। श्रद्धालुओं ने भगवान की पूजा-अर्चना कर सुख-शांति एवं आध्यात्मिक उन्नति की कामना की।पंडित श्री रविकीर्ति के सानिध्य में दशलक्षण धर्म विधान का विधिवत शुभारंभ हुआ।
विधान के दौरान श्रद्धालुओं ने धार्मिक मंत्रोच्चार एवं पूजा-अर्चना के साथ धर्मलाभ प्राप्त किया।
प्रथम दिवस के सौधर्म इंद्र-इन्द्राणी बनने का पुण्यार्जन किस्तुर चंद एवं शारदा देवी मुंडलिया परिवार को प्राप्त हुआ।ट्रस्ट के महामंत्री भूरीलाल जैन ने बताया कि पर्युषण पर्व के दौरान रात्रिकालीन श्रीजी की आरती एवं पंडित रविकीर्ति के स्वाध्याय का आयोजन किया जा रहा है।
इसके साथ ही त्रिशला महिला मंडल द्वारा जैन हाऊजी कार्यक्रम भी आयोजित किया जा रहा है, जिसमें समाज की महिलाएं उत्साहपूर्वक सहभागिता कर रही हैं।ट्रस्ट अध्यक्ष भंवरलाल मुंडलिया ने सभी साधर्मी महानुभावों से पावन पर्युषण पर्व के धार्मिक आयोजनों में अधिक से अधिक संख्या में भाग लेने का आह्वान किया।
उन्होंने कहा कि पर्युषण पर्व आत्मशुद्धि, क्षमा, संयम एवं धर्म आराधना का पावन अवसर है। समाजजन इस दौरान धार्मिक कार्यक्रमों में सहभागिता कर पर्व का आध्यात्मिक लाभ प्राप्त करें।
इस अवसर पर महावीर भवन में श्रद्धा एवं भक्ति का वातावरण बना रहा।
