उदयपुर, महाराणा प्रताप कृषि एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय (MPUAT), उदयपुर के कॉलेज ऑफ डेयरी एंड फूड टेक्नोलॉजी (CDFT) एवं सीडीएफटी एलुमनी एसोसिएशन के संयुक्त तत्वावधान में “नवाचार, प्रौद्योगिकी, स्टार्ट-अप एवं सतत विकास – खाद्य एवं डेयरी उद्योग का अगला दशक” विषय पर अंतरराष्ट्रीय सेमिनार तथा विद्यार्थियों के मार्गदर्शन के लिए *‘ड्रीम बॉक्स 2.0’* कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य डेयरी एवं खाद्य उद्योग में उभरती तकनीकों, नवाचार, अनुसंधान एवं विकास, स्टार्ट-अप, स्वरोजगार तथा करियर की संभावनाओं से विद्यार्थियों को परिचित कराना और उन्हें भविष्य की चुनौतियों के लिए तैयार करना था। इस आयोजन ने शिक्षाविदों, उद्योग विशेषज्ञों, उद्यमियों, वर्तमान विद्यार्थियों और पूर्व विद्यार्थियों को एक साझा मंच पर लाकर ज्ञान एवं अनुभवों के आदान-प्रदान का अवसर प्रदान किया।
अंतरराष्ट्रीय सेमिनार के तकनीकी सत्रों में श्री अनिल बयाटी, श्री मनोज पारीक, श्री धीरज चौधरी, श्री अनिल अग्रवाल, श्री ए. के. त्रिपाठी, श्री एस. पी. सिंह, श्री सुनीत व्यास एवं श्री नरोत्तम लाल धूपिया ने अपने अनुभवों और विशेषज्ञता के माध्यम से डेयरी एवं खाद्य उद्योग के बदलते परिदृश्य पर प्रकाश डाला। वक्ताओं ने उद्यमिता विकास, अनुसंधान एवं विकास, उत्पाद नवाचार, आधुनिक तकनीकों के उपयोग, गुणवत्ता सुधार तथा उद्योग की आवश्यकताओं के अनुरूप नए उत्पादों के विकास जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर चर्चा की। उन्होंने बताया कि खाद्य एवं डेयरी क्षेत्र में तकनीकी नवाचार और अनुसंधान आधारित उत्पाद विकास के माध्यम से नए व्यवसाय स्थापित करने तथा रोजगार के अवसर सृजित करने की व्यापक संभावनाएँ हैं। वक्ताओं ने विद्यार्थियों को उद्योग की बदलती आवश्यकताओं को समझने, व्यावहारिक ज्ञान प्राप्त करने और अपने नए विचारों को व्यावसायिक रूप देने के लिए प्रेरित किया।
कार्यक्रम का एक प्रमुख आकर्षण ‘ड्रीम बॉक्स 2.0’ रहा, जिसे विद्यार्थियों के लिए मेंटरिंग, करियर मार्गदर्शन और उद्यमिता संबंधी विचारों को प्रोत्साहित करने के उद्देश्य से आयोजित किया गया। इस पहल के अंतर्गत श्री सुशील वैष्णव, संस्थापक एवं सीईओ, Ecoil; श्री संदीप कुमार, Engineer Brothers; श्री पवन जैन; डॉ. महेंद्र कुमार; श्री लव चौहान तथा श्री कुमार शानू ने विद्यार्थियों के साथ संवाद किया और अपने अनुभव साझा किए। मेंटर्स ने विद्यार्थियों को व्यवसाय शुरू करने की प्रक्रिया, नए विचारों की पहचान, व्यवसाय विकास, उद्यम संचालन तथा व्यावहारिक समस्याओं के समाधान के संबंध में मार्गदर्शन दिया। उन्होंने विद्यार्थियों को अपने कौशल, रुचि और नवाचार क्षमता के आधार पर नए अवसर तलाशने तथा आत्मनिर्भर बनने के लिए प्रोत्साहित किया।
‘ड्रीम बॉक्स 2.0’ के संवादात्मक सत्रों में विद्यार्थियों को अपने व्यावसायिक एवं नवाचार आधारित विचार प्रस्तुत करने, विशेषज्ञों से सुझाव प्राप्त करने और उन विचारों को व्यावहारिक परियोजनाओं तथा संभावित स्टार्ट-अप में परिवर्तित करने के विभिन्न पहलुओं को समझने का अवसर मिला। इस पहल का उद्देश्य केवल करियर संबंधी जानकारी देना ही नहीं, बल्कि विद्यार्थियों में आत्मविश्वास, समस्या समाधान की क्षमता, रचनात्मक सोच और उद्यमशील दृष्टिकोण विकसित करना भी रहा। पूर्व विद्यार्थियों के अनुभवों से वर्तमान विद्यार्थियों को उद्योग जगत की वास्तविक परिस्थितियों और संभावनाओं को समझने में सहायता मिली।
सीडीएफटी एलुमनी एसोसिएशन के महासचिव श्री निर्भय गोयल ने कार्यक्रम की रूपरेखा, उद्देश्यों और विभिन्न गतिविधियों के बारे में जानकारी दी। उन्होंने विद्यार्थियों तथा पूर्व विद्यार्थियों की सक्रिय भागीदारी और आपसी संवाद के महत्व पर प्रकाश डाला। एसोसिएशन के उपाध्यक्ष डॉ. कमलेश मीणा ने बताया कि इस प्रकार के आयोजन वर्तमान विद्यार्थियों और पूर्व विद्यार्थियों के बीच मजबूत संबंध स्थापित करने के साथ-साथ शैक्षणिक संस्थानों एवं उद्योग जगत के बीच सहयोग को बढ़ावा देते हैं। उन्होंने कहा कि ‘ड्रीम बॉक्स 2.0’ विद्यार्थियों को अनुभवी पूर्व विद्यार्थियों, विशेषज्ञों और उद्यमियों से सीधे जुड़ने, अपने विचारों पर चर्चा करने तथा करियर और उद्यमिता के लिए उपयोगी मार्गदर्शन प्राप्त करने का अवसर प्रदान करता है। उन्होंने यह भी रेखांकित किया कि पूर्व विद्यार्थियों का अनुभव और सहयोग विद्यार्थियों के व्यावसायिक विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकता है।
कार्यक्रम के तकनीकी एवं मार्गदर्शन सत्रों में लगभग 200 विद्यार्थियों और 250 पूर्व विद्यार्थियों (एलुमनी)* ने भाग लिया। इतनी बड़ी संख्या में विद्यार्थियों और पूर्व विद्यार्थियों की सहभागिता ने आयोजन को ज्ञान साझा करने, नेटवर्किंग विकसित करने और नए सहयोग के अवसर तलाशने का मंच प्रदान किया। कार्यक्रम के दौरान डेयरी एवं खाद्य उद्योग में अनुसंधान आधारित नवाचार, स्टार्ट-अप संस्कृति, कौशल विकास तथा स्वरोजगार की संभावनाओं को विशेष महत्व दिया गया।
समापन अवसर पर सीडीएफटी एलुमनी एसोसिएशन के अध्यक्ष श्री विनय दीक्षित ने कार्यक्रम को सफल बनाने में सहयोग देने वाले सभी प्रायोजकों, वक्ताओं, प्रतिनिधियों, महाविद्यालय प्रशासन, स्वयंसेवकों, विद्यार्थियों एवं संकाय सदस्यों के प्रति आभार व्यक्त किया। उन्होंने सभी सहयोगकर्ताओं के योगदान की सराहना करते हुए कहा कि सामूहिक प्रयासों और सक्रिय सहभागिता से ऐसे आयोजन सफल होते हैं। उन्होंने पूर्व विद्यार्थियों और वर्तमान विद्यार्थियों के बीच निरंतर संपर्क बनाए रखने तथा भविष्य में भी शैक्षणिक, व्यावसायिक और उद्यमिता संबंधी गतिविधियों को प्रोत्साहित करने के महत्व पर जोर दिया।
कार्यक्रम का मूल संदेश “Reconnect, Rejuvenate and Reimagine”*रहा, जो पूर्व विद्यार्थियों के साथ पुनः जुड़ने, संबंधों को नई ऊर्जा देने और भविष्य के लिए नए विचारों एवं संभावनाओं की कल्पना करने की भावना को दर्शाता है। इस आयोजन ने विद्यार्थियों को नवाचार, अनुसंधान, उद्यमिता और करियर विकास के नए आयामों से परिचित कराने के साथ-साथ सीडीएफटी के पूर्व विद्यार्थियों, शिक्षकों, विद्यार्थियों और उद्योग विशेषज्ञों के बीच सहयोग को सुदृढ़ करने की दिशा में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।
सेमिनार के समापन के बाद कॉलेज ऑफ डेयरी एंड फूड टेक्नोलॉजी, उदयपुर की एल्युमिनी एसोसिएशन के चुनाव
अंतरराष्ट्रीय सेमिनार के समापन के बाद कॉलेज ऑफ डेयरी एंड फूड टेक्नोलॉजी, उदयपुर की एल्युमिनी एसोसिएशन के चुनाव संपन्न महाराणा प्रताप कृषि एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय (एमपीयूएटी), उदयपुर से संबद्ध कॉलेज ऑफ डेयरी एंड फूड टेक्नोलॉजी (सीडीएफटी) की एल्युमिनी एसोसिएशन के चुनाव दो दिवसीय अंतरराष्ट्रीय सेमिनार के समापन के बाद सफलतापूर्वक संपन्न हुए। चुनाव में विभिन्न पदों पर पदाधिकारियों एवं कार्यकारिणी सदस्यों का निर्वाचन किया गया।
श्री विनय दीक्षित अध्यक्ष, श्री नरेंद्र सिंह बुरड़क एवं डॉ. कमलेश कुमार मीणा उपाध्यक्ष, श्री निर्भय गोयल महासचिव, श्री सुमित व्यास कोषाध्यक्ष तथा श्री विकेश जैन संयुक्त सचिव निर्वाचित हुए। वहीं, कार्यकारिणी सदस्य के रूप में श्रीमती सीमा शेखावत तंवर, सुश्री सलोनी शर्मा एवं श्री रमेश कुमार लागुरिया निर्वाचित घोषित किए गए।
नवनिर्वाचित कार्यकारिणी से अपेक्षा है कि वह एल्युमिनी एसोसिएशन को अधिक सक्रिय एवं सशक्त बनाने के साथ पूर्व विद्यार्थियों के बीच संपर्क और समन्वय को मजबूत करेगी। साथ ही, वर्तमान विद्यार्थियों को मार्गदर्शन प्रदान करने, करियर एवं उद्यमिता के अवसरों से जोड़ने तथा कॉलेज के शैक्षणिक और व्यावसायिक विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी।
एल्युमिनी एसोसिएशन के माध्यम से पूर्व विद्यार्थियों की उपलब्धियों, अनुभवों और विशेषज्ञता को वर्तमान विद्यार्थियों तक पहुंचाने पर विशेष जोर दिया जाएगा। इससे विद्यार्थियों को उद्योग की आवश्यकताओं, रोजगार की संभावनाओं और उद्यमिता की व्यावहारिक चुनौतियों को समझने में सहायता मिलेगी। साथ ही, पूर्व एवं वर्तमान विद्यार्थियों के बीच मजबूत संबंध स्थापित कर संस्थान की प्रतिष्ठा और गौरवशाली परंपरा को आगे बढ़ाने की दिशा में भी प्रयास किए जाएंगे।
