श्रीगंगानगर। जिला कलक्टर डॉ. अमित यादव एवं जिला पुलिस अधीक्षक श्री हरिशंकर के नेतृत्व में जारी नशा मुक्त श्रीगंगानगर अभियान के तहत नशा मुक्त भारत अभियान के 6 वर्ष पूर्ण होने के अवसर पर राजकीय कृषि महाविद्यालय में विद्यार्थियों को नशे के दुष्प्रभावों के प्रति जागरूक करने और युवा पीढ़ी को नशे से दूर रखने के उद्देश्य से विशेष जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया।कार्यक्रम में विद्यार्थियों से नशे के खिलाफ व्यक्तिगत संकल्प लेने के साथ-साथ समाज में जागरूकता की अलख जगाने का आह्वान किया गया।
कार्यक्रम के सफल आयोजन में जे.आर. टांटिया चेरिटेबल नशा मुक्ति संस्थान का विशेष योगदान रहा।
कार्यक्रम में सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता विभाग के श्री विक्रम ज्याणी ने कहा कि आज देश के सामने अनेक चुनौतियां हैं, लेकिन नशे की चुनौती आने वाली पीढ़ी के भविष्य से जुड़ी हुई है।
इसलिए इसे केवल एक सामाजिक बुराई मानकर नजरअंदाज नहीं किया जा सकता।
आज जरूरत है कि हम सब एकजुट होकर नशे के खिलाफ लड़ें, क्योंकि यह अब तक की सबसे बड़ी सामाजिक चुनौतियों में से एक बन चुकी है।उन्होंने विद्यार्थियों से कहा कि युवा केवल अपने परिवार का भविष्य नहीं हैं, बल्कि देश की ताकत हैं।
जिस उम्र में हाथों में किताब, हुनर और देश निर्माण का सपना होना चाहिए, उस उम्र में यदि कोई युवा नशे की गिरफ्त में आ जाता है तो नुकसान केवल उस युवा का नहीं होता, बल्कि पूरा परिवार टूटता है और समाज की नींव कमजोर होती है।
उन्होंने विद्यार्थियों से कहा कि नशे के खिलाफ सबसे मजबूत हथियार जागरूकता है।
यदि एक विद्यार्थी स्वयं नशे से दूर रहने का संकल्प ले और अपने पांच साथियों को नशे से दूर रहने के लिए प्रेरित करे तो यह एक बड़े सामाजिक परिवर्तन की शुरुआत हो सकती है।कार्यक्रम के दौरान विद्यार्थियों को स्वस्थ जीवनशैली अपनाने, खेलों एवं रचनात्मक गतिविधियों से जुड़ने और नशे से दूर रहने के लिए प्रेरित किया गया।
विद्यार्थियों ने नशे से स्वयं दूर रहने तथा अपने साथियों और समाज को भी नशे से बचाने का संकल्प लिया।
