पर्युषण के तीसरे दिन गूंजा समता का संदेश, सामयिक से आत्मशुद्धि की ओर बढ़ने का आह्वान
उदयपुर। श्री जैन श्वेतांबर तेरापंथ समाज के आठ दिवसीय पर्वाधिराज पर्युषण महापर्व के तीसरे दिन सामयिक दिवस के रूप में मनाया गया। महाप्रज्ञ विहार में युगप्रधान आच…
“वाणी” के परिणाम
उदयपुर। श्री जैन श्वेतांबर तेरापंथ समाज के आठ दिवसीय पर्वाधिराज पर्युषण महापर्व के तीसरे दिन सामयिक दिवस के रूप में मनाया गया। महाप्रज्ञ विहार में युगप्रधान आच…
भारतीय संस्कृति में पर्व केवल तिथि विशेष पर होने वाला उत्सव नहीं, बल्कि जीवन को दिशा देने वाले संस्कार हैं। वे हमें कभी प्रकृति के प्रति कृतज्ञ होना सिखाते हैं…
उदयपुर। देवेंद्र धाम स्थित महावीर समवसरण में 8 सितम्बर को पर्युषण महापर्व का शुभारंभ श्रद्धा, भक्ति और धार्मिक उल्लास के साथ हुआ। इस अवसर पर बड़ी संख्या में श्र…
मुंबई, बॉक्स ऑफिस पर इन दिनों ‘हनुमान अंश’ और ‘मिर्जापुर द मूवी’ के बीच दिलचस्प मुकाबला देखने को मिल रहा है। एक ओर नीम करोली बाबा की बायोपिक फिल्म हनुमान अंश र…
उदयपुर। व्रत केवल भोजन छोड़ने का नाम नहीं, बल्कि उन विकारों को छोड़ने का संकल्प है, जो मनुष्य को भीतर से कमजोर बनाते हैं। एकादशी आत्मसंयम और आत्मशुद्धि का अवसर…
उदयपुर। श्री जैन श्वेतांबर वासुपूज्य महाराज मंदिर ट्रस्ट एवं श्री चातुर्मास व्यवस्था समिति के संयुक्त तत्वावधान में मेवाड़ मोटर्स लिंक रोड स्थित दादाबाड़ी में रव…
उदयपुर। शायरी की मिठास, गीतों की सुरलहरियों और सावन-भादों की भावनाओं से सजी शायराना परिवार उदयपुर की सावन-भादों मिलन महफिल ऐश्वर्या कॉलेज परिसर में उत्साह और उ…
उदयपुर। वासुपूज्य मंदिर दादाबाड़ी में आयोजित आध्यात्मिक प्रवचन में साध्वी विद्युतप्रभा श्रीजी आदि ठाणा-6 ने गुरुवार को कर्मयोग, औचित्य, परोपकार और प्रकृति संरक्…
‘कड़वे प्रवचन’ के लिए प्रसिद्ध 108 आचार्य श्री तरुण सागर जी महाराज की आठवीं पुण्यतिथि के अवसर पर मंगलवार को सेक्टर-11 स्थित आदिनाथ भवन में विशेष श्रद्धांजलि का…
श्रीगंगानगर। ब्रह्मचारी कल्याण स्वरूप जी महाराज ने कहा है कि जब तक संस्कृत भाषा जन-जन की भाषा नहीं बनेगी तब तक भारत विश्व गुरु नहीं बन पाएगा। देवभाषा संस्कृत ह…
उदयपुर। श्री वर्द्धमान स्थानकवासी जैन श्रावक संघ की ओर से देवेंद्र धाम में आयोजित धर्मसभा को संबोधित करते हुए पंजाब के राज्यपाल गुलाबचंद कटारिया ने कहा कि गुरु…
नवोदित लेखकों के लिए मार्गदर्शक हैं प्रीति की प्रीत मय कविताएं ....थोड़ी ज़मीं - थोड़ा आसमानरहने दो, मेरी पंखों में थोड़ी परवाज रहने दो । इस दुनिया में है हस्त…