सीएम शर्मा, राठौड़ ने डॉ. रावत का स्वागत किया
उदयपुर। भाजपा एसटी मोर्चा का राष्ट्रीय अध्यक्ष बनने के बाद शुक्रवार को जयपुर पहुंचे सांसद डॉ. मन्नालाल रावत का विधानसभा कार्यालय में मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा, …
“विधानसभा” के परिणाम
उदयपुर। भाजपा एसटी मोर्चा का राष्ट्रीय अध्यक्ष बनने के बाद शुक्रवार को जयपुर पहुंचे सांसद डॉ. मन्नालाल रावत का विधानसभा कार्यालय में मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा, …
जैसलमेर । प्रदेश में नगरीय निकायों के आम चुनाव-2026 का कार्यक्रम 19 अगस्त 2026 को घोषित कर दिया गया है। इसके साथ जैसलमेर नगर परिषद एवं पोकरण नगर पालिका क्षेत्र…
राजस्थान में लंबे समय से प्रतीक्षित नगरीय निकाय चुनावों की बुधवार को हुई घोषणा के साथ ही प्रदेश के शहरों की राजनीति एक बार फिर पूरी तरह चुनावी रंग में रंग गई ह…
गोपेन्द्र नाथ भट्टलोकतंत्र केवल बहुमत के शासन की व्यवस्था नहीं है। उसकी वास्तविक शक्ति उस संवाद में निहित है, जिसमें सत्ता पक्ष और प्रतिपक्ष अपनी-अपनी जिम्मेदा…
जैसलमेर । राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा योजना के अंतर्गत पात्र एवं वंचित परिवारों को योजना से जोड़ने के लिए निरंतर प्रभावी कार्रवाई की जा रही है। राज्य में बड़ी संख्या…
आजादी मिलने के बाद की सबसे बड़ी त्रासदी विभाजन से उपजी वह व्यथा है जिसे सिंधी समुदाय आज भी अपने दिलो—दिमाग में बसाए हुए है। मैं स्वयं सिंधी समाज से हूं, इसलिए …
***श्री देवनानी बोले विश्व को दृष्टि दी इसीलिए भारत महान*श्री देवनानी ने भारत विभाजन विभीषिका स्मृति दिवस पर अल्बर्ट हॉल पर प्रदर्शनी का किया उद्घाटनजयपुर, 1 …
बांसवाड़ा। राजस्थान सरकार द्वारा विधानसभा घोषणा अनुरूप दिव्यांग कार्मिकों को 30 जून 2016 से पदोन्नति में आरक्षण के लाभ के सुप्रीम कोर्ट निर्णय को लागू करने हेत…
जैसलमेर । राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा योजना के अंतर्गत पात्र एवं वंचित परिवारों को योजना से जोड़ने के लिए निरंतर प्रभावी कार्रवाई की जा रही है। राज्य में बड़ी संख्या…
जयपुर/अजमेर, विभाजन विभीषिका एवं हर घर तिरंगा के संबंध में प्रदशर्नी का शुभारम्भ विधानसभा अध्यक्ष वासुदेव देवनानी ने गुरूवार को सूचना केन्द्र प्रदशर्नी दीर्घा …
भारत विभाजन पीडादायक अध्याय-वासुदेव देवनानी*जयपुर, राजस्थान विधानसभा अध्यक्ष वासुदेव देवनानी ने भारत विभाजन विभीषिका स्मृति दिवस (चौदह अगस्त) पर वर्ष 1947 के व…
*14 अगस्त हमारे लिए केवल भारत के स्वतंत्रता दिवस की पूर्व संध्या नहीं है। यह भारतीय इतिहास का वह दिन है, जो कि इतिहास में सबसे पीड़ादायक और काले अध्याय के रूप …