दिवेर विजय महोत्सव के समापन पर आएंगे केन्द्रीय मंत्री शेखावत और उप मुख्यमंत्री डॉ. बैरवा
उदयपुर वीर शिरोमणि महाराणा प्रताप समिति के अंतर्गत संचालित प्रताप गौरव केन्द्र ‘राष्ट्रीय तीर्थ’ में चल रहे 10 दिवसीय ‘दिवेर विजय महोत्सव’ का भव्य समापन समारोह…
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उदयपुर वीर शिरोमणि महाराणा प्रताप समिति के अंतर्गत संचालित प्रताप गौरव केन्द्र ‘राष्ट्रीय तीर्थ’ में चल रहे 10 दिवसीय ‘दिवेर विजय महोत्सव’ का भव्य समापन समारोह…
—प्रताप गौरव केन्द्र 'राष्ट्रीय तीर्थ' में चल रहे विशेष आयोजन —राष्ट्रीय चित्रकला कार्यशाला में 21 सितंबर को विशेष सत्रउदयपुर, राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के सहसरक…
उदयपुर। राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के सहसरकार्यवाह आलोक कुमार ने कहा कि राष्ट्र का गौरव केवल वर्तमान की उपलब्धियों से नहीं, बल्कि अपने उन शौर्यगाथाओं और बलिदानों …
उदयपुर। दिवेर विजय महोत्सव 2026 के अंतर्गत एक ओर नुक्कड़ नाटक ‘दिवेर का रणघोष’ जन—जन में वीर शिरोमणि महाराणा प्रताप के शौर्य का शंखनाद कर रहा है, दूसरी ओर विभि…
उदयपुर : बैंक ऑफ़ बड़ौदा-भारत को राजभाषा कार्यान्वयन के क्षेत्र में श्रेष्ठ कार्य के लिए भारत सरकार की सर्वोच्च पुरस्कार ‘राजभाषा कीर्ति पुरस्कार’ योजना के अंतर्…
श्रीगंगानगर। राजस्थान राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण, जयपुर के निर्देश पर विद्यालयों में विधिक साक्षरता और संवेदीकरण हेतु ”ट्रांसफोरमेटिव ट्यूज्डे“ कार्यक्रम को नि…
उदयपुर। राजस्थान की मिट्टी की खुशबू, देसी अंदाज और जबरदस्त डांस एनर्जी से सजा नया म्यूजिक वीडियो ‘MADAM MADAM’ 13 सितंबर 2026 को रिलीज हो गया है। मॉडल-एक्ट्रेस…
उदयपुर। नारायण सेवा संस्थान में अध्यक्ष प्रशांत अग्रवाल के सानिध्य में चल रही ‘अपनों से अपनी बात’ कथा में भगवान जगन्नाथ की महिमा, राजा इन्द्रद्युम्न की भक्ति औ…
डूंगरपुर के राजघराने के इतिहास में कुछ ऐसे व्यक्तित्व रहे हैं जिनका औपचारिक पद भले ही बहुत बड़ा नहीं था, लेकिन उनका प्रभाव राजपरिवार और तत्कालीन राजनीतिक जीवन …
हिंदी केवल संप्रेषण का माध्यम नहीं, बल्कि भारतीय संस्कृति, संवेदना, विचार और ज्ञान-परंपरा से जुड़ने का सशक्त माध्यम है। बदलते डिजिटल परिवेश, वैश्वीकरण और आर्टि…
कोटा। हिंदी भाषा और साहित्य के संरक्षण, संवर्धन तथा प्रचार-प्रसार को समर्पित साहित्य मंडल श्रीनाथद्वारा की ओर से हिंदी दिवस के अवसर पर तीन दिवसीय ‘हिंदी लाओ, द…
पं. चमूपति जी अपने समय 1893-1937 के आर्यसमाज के शीर्ष विद्वानों में थे। पं. जी का जन्म 15 फरवरी 1893 को बहावलपुर (पाकिस्तान) में हुआ था तथा निधन लाहौर में 15 ज…