मुख्य सामग्री पर जाएँ
शुक्रवार, 25 सितंबर 2026 उदयपुर · 29°C
MPUAT-NEWS

एमपीयूएटी में 80वां स्वतंत्रता दिवस समारोह हर्षोल्लास एवं गरिमापूर्ण वातावरण में मनाया

उदयपुर। महाराणा प्रताप कृषि एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय (एमपीयूएटी) के विश्वविद्यालय प्रशासनिक परिसर में देश का 80वां स्वतंत्रता दिवस

WAf𝕏TGin✉🖨
एमपीयूएटी में 80वां स्वतंत्रता दिवस समारोह हर्षोल्लास एवं गरिमापूर्ण वातावरण में मनाया

उदयपुर। महाराणा प्रताप कृषि एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय (एमपीयूएटी) के विश्वविद्यालय प्रशासनिक परिसर में देश का 80वां स्वतंत्रता दिवस राष्ट्रभक्ति, उत्साह एवं गरिमापूर्ण वातावरण में मनाया गया। इस अवसर पर विशिष्ट अतिथि डॉ. बी. आर. छिपा, पूर्व कुलगुरु, स्वामी केशवानंद राजस्थान कृषि विश्वविद्यालय, बीकानेर की गरिमामयी उपस्थिति ने समारोह की गरिमा बढ़ाई। विश्वविद्यालय के कुलगुरु डॉ. प्रताप सिंह का स्वागत विश्वविद्यालय के कुलसचिव श्री अशोक कुमार ने किया। इसके पश्चात एन.सी.सी. कैडेट्स ने अनुशासित एवं आकर्षक मार्च-पास्ट करते हुए कुलगुरु डॉ. प्रताप सिंह को समारोह स्थल तक लेकर आए। कुलगुरु डॉ. प्रताप सिंह ने प्रातः 9:15 बजे राष्ट्रीय ध्वज फहराया। ध्वजारोहण के पश्चात राष्ट्रगीत एवं राष्ट्रगान के साथ समारोह का औपचारिक शुभारंभ हुआ।

इस अवसर पर विश्वविद्यालय परिवार को संबोधित करते हुए कुलगुरु डॉ. प्रताप सिंह ने स्वतंत्रता दिवस की हार्दिक शुभकामनाएं देते हुए कहा कि स्वतंत्रता का वास्तविक अर्थ ‘स्व-तंत्र’ अर्थात स्वयं के तंत्र एवं आत्मनिर्णय की क्षमता से है। स्वतंत्रता केवल अधिकारों का उत्सव नहीं, बल्कि राष्ट्र के प्रति अपने कर्तव्यों एवं जिम्मेदारियों के निर्वहन का संकल्प भी है। उन्होंने कहा कि भारत आज विकास के नए आयाम स्थापित कर रहा है और इसमें कृषि, शिक्षा, अनुसंधान तथा तकनीकी नवाचार की महत्वपूर्ण भूमिका है।

कुलगुरु ने कहा कि एमपीयूएटी अपने उत्कृष्ट कार्यों से प्रदेश के सभी कृषि विश्वविद्यालयों में प्रथम स्थान पर है, जिसके लिए विश्वविद्यालय को कुलाधिपति द्वारा पुरस्कृत किया गया है। साथ ही, वर्तमान में भी एन.आई.आर.एफ. रैंकिंग में प्रदेश के सभी राज्य कृषि विश्वविद्यालयों (SAUs) में एमपीयूएटी प्रथम स्थान पर है। उन्होंने इस उपलब्धि के लिए विश्वविद्यालय के सभी अधिकारियों, शिक्षकों, कर्मचारियों एवं विद्यार्थियों के योगदान की सराहना की।

विश्वविद्यालय की नवीन उपलब्धियों पर प्रकाश

कुलगुरु ने विश्वविद्यालय की प्रमुख उपलब्धियों का उल्लेख करते हुए बताया कि वर्ष 2025-26 में 281 विद्यार्थियों का प्लेसमेंट, दो नए वॉलंटरी सेंटरों की स्वीकृति, चार पेटेंट डिजाइन, भूसे से बैटरी निर्माण, 59 पैकेज ऑफ प्रैक्टिस की सिफारिश तथा स्कोपस एच-इंडेक्स का बढ़कर 90 होना उल्लेखनीय उपलब्धियां हैं। विश्वविद्यालय द्वारा इस वर्ष 35,669 क्विंटल बीज, 2.50 लाख रोपण सामग्री, 206 लाख स्पॉन, 3.97 लाख फिंगरलिंग्स, 18,510 किग्रा मशरूम स्पॉन, 1,830 किग्रा जैव-कीटनाशी तथा 1,100 लीटर तरल जैव-उर्वरक का उत्पादन किया गया। उन्होंने परीक्षा परिणामों के समयबद्ध प्रकाशन, पेंशन भुगतान तथा विश्वविद्यालय की अन्य प्रशासनिक उपलब्धियों की भी सराहना की।

46 उत्कृष्ट प्रतिभाओं का सम्मान

समारोह में विश्वविद्यालय की ओर से उत्कृष्ट सेवाओं, शैक्षणिक एवं अनुसंधान उपलब्धियों तथा कृषि क्षेत्र में उल्लेखनीय योगदान के लिए कुल 46 प्रतिभाओं को सम्मानित किया गया। इनमें प्रोफेसर डॉ. नारायण लाल मीणा, वैज्ञानिक डॉ. योगेश कनोजिया एवं विशेष सम्मान से डॉ. एल.के. छाता, गैर-शैक्षणिक श्रेणी में श्री मुकेश कुमार पुजारी, श्री तेज करण नागदा, श्री अशोक वार्डिया, श्री परसराम प्रजापत, श्री भूपेन्द्र सिसोदिया, श्रीमती ललिता मोड़ एवं श्री मदन लाल चौधरी शामिल रहे। विद्यार्थी श्रेणी में अमन कुमार, दिलखुश चौधरी, प्रवीण सिंह, चंचल चौधरी, आर्यन जैन, रावी गार्ग, कमला, खुशी नागदा, वैशाली मीणा, अक्षिता उपाध्याय, जिनाशा बाल, अन्नू शर्मा, मनीष सू, स्नेहा गर्ग एवं सुमंत भूषण को सम्मानित किया गया। इसके अतिरिक्त एफएमटी, सीटीएई टीम के डॉ. सांवल सिंह मीणा, डॉ. नरेन्द्र कुमार यादव एवं इंजीनियर कपिल गायकवाड़ तथा आईएफएमएस सेल टीम के डॉ. विक्रमादित्य दवे, श्री मोहित भाटी, श्री दिनेश सुखवाल एवं श्री उज्ज्वल भटनागर को भी सम्मानित किया गया। विभिन्न जिलों के 16 प्रगतिशील किसानों को कृषि में नवाचार एवं उन्नत तकनीकों को अपनाने के लिए सम्मान प्रदान किया गया।

विश्वविद्यालय की सभी इकाइयों में ध्वजारोहण

स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर विश्वविद्यालय के सभी महाविद्यालयों एवं निदेशालयों में भी ध्वजारोहण किया गया। राजस्थान कृषि महाविद्यालय में डॉ. लोकेश गुप्ता, सामुदायिक एवं व्यावहारिक विज्ञान महाविद्यालय में डॉ. सरला लखावत, अनुसंधान निदेशालय में डॉ. मनोज कुमार महला, कृषि प्रौद्योगिकी एवं अभियांत्रिकी महाविद्यालय में डॉ. विनोद यादव, प्रसार शिक्षा निदेशालय में डॉ. आर.एल. सोनी तथा मात्स्यकी महाविद्यालय में डॉ. एल.एन. महावर ने ध्वजारोहण किया। मुख्य समारोह के पश्चात वरिष्ठ अधिकारियों एवं विश्वविद्यालय प्राधिकारियों द्वारा परिसर में पौधरोपण कर पर्यावरण संरक्षण का संदेश दिया गया। इसके बाद विद्यार्थियों एवं कर्मचारियों के लिए विभिन्न खेलकूद प्रतियोगिताएं आयोजित की गईं, जिनमें विश्वविद्यालय परिवार ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। समारोह में अधिष्ठाता, निदेशक, वित्त नियंत्रक, परीक्षा नियंत्रक, भू-संपदा अधिकारी, शिक्षक, कर्मचारी एवं बड़ी संख्या में विद्यार्थी उपस्थित रहे। कार्यक्रम का संचालन डॉ. जयमाला दवे एवं श्री भुवनेश चौबीसिया ने किया। अंत में कुलसचिव श्री अशोक कुमार ने अतिथियों एवं विश्वविद्यालय परिवार के सभी सदस्यों का आभार व्यक्त किया। वित्त नियंत्रक श्री महेंद्र सिंह ने स्वतंत्रता दिवस की शुभकामनाएं दीं।