स्वदेशी के संकल्प के साथ जनवरी 2028 में फिर सजेगा सांसद स्वदेशी इंडस्ट्रियल एक्सपो
उदयपुर। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के 'विकसित भारत', 'वोकल फॉर लोकल' और 'मेक इन इंडिया' के विजन को धरातल पर उतारने के उद्देश्य से उदयपुर के राजस्थान कृषि महाविद…
“यहीं” के परिणाम
उदयपुर। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के 'विकसित भारत', 'वोकल फॉर लोकल' और 'मेक इन इंडिया' के विजन को धरातल पर उतारने के उद्देश्य से उदयपुर के राजस्थान कृषि महाविद…
राजस्थान में अब शहरों के बाद गांवों की सरकार चुनने का समय आ गया है। राज्य निर्वाचन आयोग ने शनिवार को पंचायतीराज संस्थाओं के आम चुनाव का कार्यक्रम घोषित कर दिया…
देवेंद्रधाम, महावीर समवशरण में आयोजित दैनिक प्रवचनमाला में धर्मसभा को संबोधित करते हुए डॉ. सुरेन्द्र मुनि ने कहा कि भारत की पहचान सदैव धर्म, सत्य, अहिंसा, क्षम…
राजस्थान में अब शहरों के बाद गांवों की सरकार चुनने का समय आ गया है। राज्य निर्वाचन आयोग ने शनिवार को पंचायतीराज संस्थाओं के आम चुनाव का कार्यक्रम घोषित कर दिया…
बांसवाड़ा । जो कर्मयोगी फल की इच्छा के बिना, अपने-आप जो कुछ मिल जाय, उसमें सन्तुष्ट रहता है और जो ईर्ष्या से रहित, द्वन्द्वों से अतीत तथा सिद्धि और असिद्धि में…
उदयपुर, श्री वर्धमान स्थानकवासी जैन श्रावक संघ के तत्वावधान में देवेंद्र धाम स्थित महावीर समवशरण में धर्मसभा आयोजित हुई। डॉ. सुरेन्द्र मुनि ने कहा कि अज्ञान को…
डूंगरपुर की सुबहों में अब सिर्फ अरावली की पहाड़ियों और गैब सागर और माही नदी एवं वागड़ की हवाओं की कहानी नहीं है। इस ऐतिहासिक शहर की पहचान में स्वच्छता, सुंदरता…
मुंबई : हँसी, गड़बड़ियों और बढ़ते कंफ्यूजन से भरी शाम के लिए तैयार हो जाइए, क्योंकि ज़ी सिनेमा पर ‘पति-पत्नी और वो दो’ का वर्ल्ड टेलीविज़न प्रीमियर शनिवार, 26 …
नई दिल्ली, भारत की मैन्युफैक्चरिंग MSMEs केवल व्यवसाय तक सीमित नहीं हैं; बल्कि ये रोजगार, नवाचार, (Innovation) निर्यात और देश की अर्थव्यवस्था को आगे बढ़ाने का …
वेतन की हर महीने आने वाली राशि केवल वर्तमान जीवन की जरूरतों को पूरा करने का माध्यम नहीं होती। उसके भीतर भविष्य की सुरक्षा, बच्चों की शिक्षा, स्वास्थ्य, सेवानिव…
लाइब्रेरी टूरिज्म एक उभरती हुई अवधारणा है, जो पुस्तकालयों को केवल पुस्तकों के अध्ययन एवं सूचना प्राप्ति के स्थान के रूप में नहीं, बल्कि ज्ञान, साहित्य, संस्कृत…
8 सितंबर केवल कैलेंडर की एक तारीख नहीं, बल्कि दुनिया को यह याद दिलाने का दिन है कि साक्षरता व्यक्ति का अधिकार और समाज के विकास की बुनियाद है। इसकी शुरुआत 1965 …