शिल्पग्राम में नाटक ‘मीता! पंचलैट वाले’ का प्रभावशाली मंचन
प्रत्येक माह के पहले रविवार को पश्चिम क्षेत्र सांस्कृतिक केन्द्र, उदयपुर का दर्पण प्रेक्षागृह, नाट्य रसिकों का स्वागत करता है | ‘रंगशाला’ के अंतर्गत यहाँ किसी …
“ध्वनि” के परिणाम
प्रत्येक माह के पहले रविवार को पश्चिम क्षेत्र सांस्कृतिक केन्द्र, उदयपुर का दर्पण प्रेक्षागृह, नाट्य रसिकों का स्वागत करता है | ‘रंगशाला’ के अंतर्गत यहाँ किसी …
पश्चिम क्षेत्र सांस्कृतिक केन्द्र, उदयपुर द्वारा आयोजित मासिक नाट्य संध्या ‘रंगशाला’ के अंतर्गत रविवार को शिल्पग्राम स्थित दर्पण सभागार में ‘मीता! पंचलैट वाले’…
भारतीय संस्कृति की सबसे बड़ी विशेषता यह है कि यहां पर्व केवल कैलेंडर की तारीख नहीं होते, बल्कि वे जीवन के किसी गहरे सत्य को हमारे सामने लेकर आते हैं। श्रीकृष्ण…
बांसवाड़ा। विवेकानन्द केन्द्र कन्याकुमारी के राष्ट्रीय संयुक्त महासचिव श्री किशोर टोकेकर ने कहा है कि किसी भी राष्ट्र का पुनरुत्थान केवल राजनीतिक व्यवस्थाओं, सं…
जैसलमेर । राज्य निर्वाचन आयोग द्वारा नगरीय निकाय आम चुनाव-2026 के कार्यक्रम की घोषणा के साथ ही जिले में निर्वाचन गतिविधियां प्रारम्भ हो गई हैं। चुनाव प्रचार के…
उदयपुर। राज्य निर्वाचन आयोग की ओर से घोषित कार्यक्रम के अनुसार नगर निकाय चुनाव-2026 शांतिपूर्ण, स्वतंत्र एवं निष्पक्ष ढंग से संपन्न कराने के लिए उदयपुर जिले मे…
साहित्य जगत में कोटा के साहित्यकार श्री विजय जोशी कहानी और आलोचना विधा के क्षेत्र में देश में अपनी विशिष्ठ पहचान रखते हैं। पारिवारिक और सामाजिक जीवन के अनेक पह…
जैसलमेर । स्वतंत्रता दिवस की पूर्व संध्या पर शुक्रवार रात्रि को स्वर्ण नगरी जैसलमेर के हनुमान सर्किल स्थित नेहरू पार्क में राष्ट्रभक्ति से ओतप्रौत भव्य एवं मनो…
भारत विभाजन पीडादायक अध्याय-वासुदेव देवनानी*जयपुर, राजस्थान विधानसभा अध्यक्ष वासुदेव देवनानी ने भारत विभाजन विभीषिका स्मृति दिवस (चौदह अगस्त) पर वर्ष 1947 के व…
" मनोवैज्ञानिक रूप से पाठक पर प्रभाव छोड़ने में सफल कृति ""क्यारी-क्यारी में खिले, इतने फूल-गुलाब। रफ़्ता-रफ़्ता हो गई, खुश्बूदार किताब ।।"वय के उस मधुमास को, …
उदयपुर। इस स्वतंत्रता दिवस पर उदयपुरवासियों और पर्यटकों को भारत के अमर क्रान्तिकारियों के त्याग, शौर्य और बलिदान को निकट से अनुभव करने का विशेष अवसर मिलेगा। 15…
“झीलों की नगरी” उदयपुर को जब भी याद किया जाता है, आँखों के सामने झीलों का शांत जल, अरावली की हरी-भरी पहाड़ियाँ, राजमहलों की भव्यता और मेवाड़ के गौरवशाली इतिहास…