लोकतंत्र का मौन आईना: क्या हम संवैधानिक स्वतंत्रताओं की नई परीक्षा के दौर में हैं?
लोकतंत्र किसी राष्ट्र की केवल शासन व्यवस्था नहीं होता, बल्कि वह उसके नागरिकों के विश्वास, स्वतंत्रता, सहभागिता और संवैधानिक मूल्यों का जीवंत प्रतिबिंब होता है।…
“अंतरिक्ष” के परिणाम
लोकतंत्र किसी राष्ट्र की केवल शासन व्यवस्था नहीं होता, बल्कि वह उसके नागरिकों के विश्वास, स्वतंत्रता, सहभागिता और संवैधानिक मूल्यों का जीवंत प्रतिबिंब होता है।…
बांसवाड़ा। भारत के अंतरिक्ष कार्यक्रम के शिल्पकार, पद्म विभूषण से अलंकृत डॉ. विक्रम साराभाई जी की जयंती पर राउमावि अमरथुन स्कूल से संस्था प्रधान अरुण व्यास की …
उदयपुर,सर पदमपत सिंघानिया विश्वविद्यालय (एसपीएसयू) के विज्ञान विभाग द्वारा ‘अंतरिक्ष विज्ञान से आध्यात्मिकता’ विषय पर एक प्रेरणादायी संगोष्ठी का आयोजन किया गया…
शादी के उपहार से सोलर सब्सिडी तक—हर आर्थिक जानकारी होगी दर्ज, ईमानदार करदाता के लिए सुनहरा अवसर"कर देना केवल कानून का पालन नहीं, बल्कि राष्ट्र निर्माण में अपनी…
6 अगस्त 1945—विश्व इतिहास का वह दिन, जिसने विज्ञान की उपलब्धियों को मानवता के सबसे बड़े प्रश्न के सामने खड़ा कर दिया। जापान के हिरोशिमा शहर पर गिराए गए परमाणु …
— सत्य भूषण शर्मा प्रवक्ता (भौतिक विज्ञान), पत्रकार, लेखक, कवि एवं यूट्यूबर उदयपुर (राजस्थान)