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Paras Health News

पारस हेल्थ उदयपुर ने लाइफसेविंग ब्रेन सर्जरी के साथ दुर्लभ न्यूरोसर्जिकल उपलब्धि हासिल की

मुख्य बिंदु
  • एडवांस्ड ब्रेन नेविगेशन तकनीक और बहुत ही सावधानी से की गई सर्जरी की मदद से डॉक्टरों ने एक गहरे क्रेनियों सेरेब्रल मिसाइल चोट से घायल मरीज को पूरी तरह ठीक कर दिया।
  • यह सर्जरी इस क्षेत्र में न्यूरोसर्जरी के लिए एक नई मिसाल बन गई है।
  • उदयपुर: पारस हेल्थ उदयपुर ने 26 वर्षीय महावीर में एक दुर्लभ और कॉम्प्लेक्स ब्रेन सर्जरी सफलतापूर्वक की है।
  • इसमें मरीज जानलेवा सिर की चोट से ग्रसित था।
  • उसे यह चोट पत्थर की खान में लगी थी।
  • यह दुर्घटना तब हुई जब एक तेज़ रफ़्तार से चलने वाली गैंग आरी की डोरी टूट गई, जिससे एक धातु का गोला महावीर के माथे में जा लगा।
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पारस हेल्थ उदयपुर ने लाइफसेविंग ब्रेन सर्जरी के साथ दुर्लभ न्यूरोसर्जिकल उपलब्धि हासिल की

एडवांस्ड ब्रेन नेविगेशन तकनीक और बहुत ही सावधानी से की गई सर्जरी की मदद से डॉक्टरों ने एक गहरे क्रेनियों सेरेब्रल मिसाइल चोट से घायल मरीज को पूरी तरह ठीक कर दिया। यह सर्जरी इस क्षेत्र में न्यूरोसर्जरी के लिए एक नई मिसाल बन गई है।

उदयपुर: पारस हेल्थ उदयपुर ने 26 वर्षीय महावीर में एक दुर्लभ और कॉम्प्लेक्स ब्रेन सर्जरी सफलतापूर्वक की है। इसमें मरीज जानलेवा सिर की चोट से ग्रसित था।

उसे यह चोट पत्थर की खान में लगी थी। यह दुर्घटना तब हुई जब एक तेज़ रफ़्तार से चलने वाली गैंग आरी की डोरी टूट गई, जिससे एक धातु का गोला महावीर के माथे में जा लगा।

गोले का पेलेट मस्तिष्क में गहराई तक घुस गया और ब्रेन के उस महत्वपूर्ण हिस्से में जा धंसा जो महत्वपूर्ण तंत्रिका संबंधी कार्यों को नियंत्रित करता है।

इससे मौत या स्थायी डैमेज होने का बहुत बड़ा खतरा था।

इतनी जटिलता के बावजूद पारस हेल्थ उदयपुर के सीनियर कंसल्टेंट न्यूरोसर्जन प्रो. डॉ. उदय भौमिक के नेतृत्व में सर्जिकल टीम ने एडवांस्ड न्यूरोसर्जिकल तकनीकों और अत्याधुनिक न्यूरो-नेविगेशन का उपयोग करते हुए प्रक्रिया की सावधानीपूर्वक योजना बनाई।

टीम पेलेट का सटीक पता लगाने और उसे सुरक्षित रूप से निकालने में सफल रही। अच्छी बात यह रही कि महावीर बिना किसी न्यूरोलॉजिकल कमी के पूरी तरह ठीक हो गए।

अक्सर ऐसी चोटों में न्यूरोलॉजिकल कमी न हो, ऐसा कम ही देखने को मिलता है। प्रो डॉ उदय भौमिक ने कहा, “क्रेनियों सेरेब्रल मिसाइल चोट न्यूरोसर्जरी में बहुत ही मुश्किल इमरजेंसी स्थितियों में से एक होती है।

अक्सर ऐसी अवस्था में व्यक्ति की मौत हो जाती है या उसके दिमाग की कार्यक्षमता गंभीर रूप से बाधित हो जाती है। इस केस में पेलेट ब्रेन के बहुत ही संवेदनशील हिस्से में गहराई तक घुस गया था।

इसलिए इसे निकालना बहुत ज्यादा मुश्किल और खतरे से भरा बन गया था।

एडवांस्ड न्यूरो नेविगेशन और सटीक सर्जिकल प्लानिंग से हम इसे सुरक्षित तरीके से निकाल पाए और मरीज की न्यूरोलॉजिकल कार्य सुरक्षित रख पाए।” इस सर्जरी की सफलता पारस हॉस्पिटल उदयपुर के इस क्षेत्र में एडवांस्ड, वर्ल्ड क्लास न्यूरोसर्जिकल देखभाल प्रदान करने की प्रतिबद्धता को दर्शाता है।

हॉस्पिटल अथॉरिटीज ने बताया कि समय पर कार्रवाई, आधुनिक तकनीकों के उपयोग और स्पेशलाइज्ड एक्सपर्टीज ने इस सर्जरी को सफल बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।

महावीर को अब सही हालत में हॉस्पिटल से डिस्चार्ज कर दिया गया है और उम्मीद है कि वह स्वस्थ और सामान्य जीवन जिएंगे। यह उपलब्धि पारस हॉस्पिटल उदयपुर के लिए न्यूरोसर्जिकल एक्सीलेंस में नया बेंचमार्क सेट करती है और पूरे क्षेत्र में उन मरीजों के लिए नई आशा प्रदान करता है जिन्हें एडवांस्ड, लाइफ सेविंग ब्रेन सर्जरी की आवश्यकता है।