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Sir Padampat Singhania University

एसपीएसयू में भारतीय ज्ञान प्रणाली पर विशेषज्ञ व्याख्यान, विद्यार्थियों को मिला उद्देश्यपूर्ण जीवन का संदेश

सर पदमपत सिंघानिया विश्वविद्यालय (एसपीएसयू) के स्कूल ऑफ मैनेजमेंट एंड लिबरल स्टडीज़ (एसएमएलएस) द्वारा 31 जुलाई 2026 को "भारतीय ज्ञान प्रणाली" विषय पर एक प्रेरणादायी विशेषज्ञ व्याख्यान का आयोजन किया गया। इस अवसर पर प्रख्य

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एसपीएसयू में भारतीय ज्ञान प्रणाली पर विशेषज्ञ व्याख्यान, विद्यार्थियों को मिला उद्देश्यपूर्ण जीवन का संदेश

सर पदमपत सिंघानिया विश्वविद्यालय (एसपीएसयू) के स्कूल ऑफ मैनेजमेंट एंड लिबरल स्टडीज़ (एसएमएलएस) द्वारा 31 जुलाई 2026 को "भारतीय ज्ञान प्रणाली" विषय पर एक प्रेरणादायी विशेषज्ञ व्याख्यान का आयोजन किया गया। इस अवसर पर प्रख्यात अर्बन मोंक, आध्यात्मिक मार्गदर्शक एवं लेखक श्री मदन सुंदर दास ने विद्यार्थियों को संबोधित किया।

कार्यक्रम का शुभारंभ एसएमएलएस के डीन डॉ. सम्राट रे द्वारा अतिथि के स्वागत एवं सम्मान के साथ हुआ। अपने उद्बोधन में डॉ. सम्राट रे ने आधुनिक शिक्षा के साथ भारतीय ज्ञान परंपरा के समन्वय की आवश्यकता पर बल देते हुए कहा कि इससे नैतिक मूल्यों से युक्त, उत्तरदायी और दूरदर्शी नेतृत्व का निर्माण संभव है।

श्री मदन सुंदर दास ने अपने संबोधन में व्यक्तिगत एवं व्यावसायिक सफलता में आध्यात्मिक शिक्षा के महत्व को रेखांकित किया।

भारतीय दर्शन के विभिन्न सिद्धांतों का उल्लेख करते हुए उन्होंने आत्म-जागरूकता, उद्देश्यपूर्ण जीवन, भावनात्मक संतुलन तथा सत्यनिष्ठा एवं करुणा के साथ नेतृत्व करने की आवश्यकता पर प्रकाश डाला।

उन्होंने विद्यार्थियों को प्रेरित किया कि वे सफलता को केवल उपलब्धियों के आधार पर नहीं, बल्कि आंतरिक संतोष और समाज सेवा के दृष्टिकोण से भी देखें।

यह संवादात्मक सत्र विद्यार्थियों एवं संकाय सदस्यों की उत्साहपूर्ण सहभागिता का साक्षी बना। प्रतिभागियों ने भारतीय ज्ञान परंपरा के सिद्धांतों को समकालीन नेतृत्व, प्रबंधन तथा दैनिक जीवन में अपनाने के विभिन्न आयामों पर सार्थक चर्चा की।

इस व्याख्यान ने विद्यार्थियों को यह समझने के लिए प्रेरित किया कि वास्तविक सफलता वही है, जो व्यावसायिक उत्कृष्टता के साथ व्यक्तिगत कल्याण, नैतिक आचरण और सामाजिक उत्तरदायित्व का संतुलन स्थापित करे।

यह कार्यक्रम आधुनिक शिक्षा के साथ भारतीय ज्ञान परंपरा के समन्वय तथा मूल्य-आधारित एवं उत्तरदायी नेतृत्व के निर्माण के प्रति एसपीएसयू की प्रतिबद्धता को सशक्त रूप से प्रतिबिंबित करता है।