शतखण्ड पृथ्वी का सर्वोत्तम स्थान मेदपाट यानि मेवाड़- जगद्गुरु श्री वसन्त विजयानन्द गिरी जी महाराज
एकलिंगजी और मेवाड़ की उत्पत्ति की कथा सुन भाव विव्हल हुए श्रद्धालू
“मेवाड़” के परिणाम
एकलिंगजी और मेवाड़ की उत्पत्ति की कथा सुन भाव विव्हल हुए श्रद्धालू
- सुबह साधना, दोपहर यज्ञ और शाम श्री एकलिंगनाथ शिव महापुराण कथा