“अन्याय और बुरे कर्म करने वाले मनुष्यों को परमात्मा मनुष्येतर पशु, पक्षी आदि योनियों में जन्म देता हैः स्वामी विवेकानन्द परिव्राजक” 11 May 2026, 18:50