संस्कृत भविष्य की सुधारक, भारत की शक्ति और विश्व बंधुत्व का आधार : सोडाणी
संस्कृत भारत की जड़ है, इससे जुड़कर ही होगी उन्नति : प्रो. सारंगदेवोत
“आलोक” के परिणाम
संस्कृत भारत की जड़ है, इससे जुड़कर ही होगी उन्नति : प्रो. सारंगदेवोत
(लेखक वासुदेव देवनानी राजस्थान विधानसभा के माननीय अध्यक्ष है)*