डॉक्टर मंजू जैन जो की 43 वर्षों से सोलर कुकर पर भोजन बना रही है और अब वह सोलर वूमेन के नाम से जानी जाती है ,उन्होंने अब तक हजार से ऊपर छात्र-छात्राओं को इसकी अभी तक जानकारी दी है।
सोलर वूमेन से प्रसिद्ध सोलर दादी ने जब इन बच्चों से पूछा तुम्हारी मम्मी खाना किस पर बनाती है। तो सब ने एक स्वर से उत्तर दिया कि गैस के चूल्हे पर पर खाना बनाती है।
इस पर सोलर दादी ने पूछा की क्या तुम्हें पता है कि सूरज की गर्मी से भी खाना बन जाता है? सबने कहा नहीं दादी हमे नहीं पता।
तब सोलर दादी सबको अपने दोनों सोलर कुकर के पास ले गई और उनको बताया कि देखो सूरज की गर्मी से यह गरमा गरम लापसी बन गई है जिसे तुमने अभी खाया है।
फिर उनको बताया कि इसके अंदर दाल, चावल सब्जी, दाल बाटी, कड़ी इडली सांभर, और च्यवनप्राश भी बनाया जा सकता है। तुम भी अपनी मम्मी से कहना कि वह सोलर कुकर में खाना बनाएं और गैस की बचत भी करें तथा सूरज की गर्मी को भी काम में लेवे।
सभी बच्चों ने पहली बार सोलर कुकर देखा। कार्यक्रम भारत विकास परिषद सुभाष द्वारा आयोजित किया गया।
डॉ मंजु जैन
