अपने वजन से ढाई गुना से भी अधिक भार उठाकर बनाए रिकॉर्ड, राष्ट्रीय-अंतरराष्ट्रीय स्तर पर हासिल किए 7 सम्मान उदयपुर। उम्र महज 6 साल, वजन केवल साढ़े 17 किलो और कारनामा ऐसा कि बड़े-बड़े खिलाड़ी भी हैरान रह जाएं।
झीलों की नगरी उदयपुर के नन्हे खिलाड़ी विराज शर्मा ने 47 किलोग्राम वजन उठाकर अपनी अद्भुत प्रतिभा का लोहा मनवाया है।
वेटलिफ्टिंग और पावर लिफ्टिंग में राष्ट्रीय-अंतरराष्ट्रीय स्तर पर सात रिकॉर्ड एवं सम्मान हासिल कर विराज ने छोटी सी उम्र में बड़ी उपलब्धि अपने नाम की है।
हिरणमगरी सेक्टर-4 स्थित होटल व्रजराज पैलेस में आयोजित पत्रकार वार्ता में विराज के पिता वैभव शर्मा ने बताया कि उनके बेटे ने महज 5 वर्ष 11 माह की उम्र में नेशनल बुक ऑफ वर्ल्ड रिकॉर्ड में अपना पहला रिकॉर्ड दर्ज कराया।
इसके बाद विराज ने महज 5 से 10 दिनों के अंतराल में लगातार नए रिकॉर्ड बनाते हुए इंडिया बुक ऑफ वर्ल्ड रिकॉर्ड, इन्फ्लुएंसर्स बुक ऑफ वर्ल्ड रिकॉर्ड, एशिया बुक ऑफ रिकॉर्ड और इंटरनेशनल बुक ऑफ वर्ल्ड रिकॉर्ड सहित विभिन्न संस्थाओं से सम्मान हासिल किए।
उसे वर्ल्ड रिकॉर्ड ऑफ इंडिया पुरस्कार भी प्राप्त हुआ है।
पहले 35, फिर 42 और अब 47 किलो उठाकर तोड़ा अपना ही रिकॉर्ड-विराज ने बताया कि उसने शुरुआत में 35 किलोग्राम वजन उठाकर रिकॉर्ड बनाया। इसके बाद 42 किलोग्राम और फिर 47 किलोग्राम वजन उठाकर अपना ही रिकॉर्ड तोड़ दिया। विराज वर्तमान में लवकुश इंडोर स्टेडियम के व्यायामशाला में कनिष्ठ प्रशिक्षक ओमप्रकाश पटेल के मार्गदर्शन में प्रशिक्षण प्राप्त कर रहा है।
दुनिया के सबसे कम उम्र के खिलाड़ी का खिताब वैभव शर्मा के अनुसार विराज को इंटरनेशनल बुक ऑफ वर्ल्ड रिकॉर्ड की ओर से वेटलिफ्टिंग और पावर लिफ्टिंग में विश्व के सबसे कम उम्र के बालक का खिताब दिया गया है। वहीं भारत सरकार की ओर से उसे 'सुपर टैलेंटेड किड—वन इन ए मिलियन' सम्मान मिलने की जानकारी भी उन्होंने दी।
राज्यपाल ने सराहा, मुख्यमंत्री ने जयपुर बुलाया- सेंट पॉल सीनियर सेकेंडरी स्कूल में एचकेजी के छात्र विराज की प्रतिभा की पंजाब के राज्यपाल गुलाबचंद कटारिया ने भी जमकर सराहना की है।
पिता वैभव शर्मा ने बताया कि मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने विराज को जयपुर आमंत्रित किया है।
वहीं आगामी वर्ष नई दिल्ली में आयोजित होने वाले खेलो इंडिया में विराज के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के समक्ष वेटलिफ्टिंग और पावर लिफ्टिंग का प्रदर्शन करने का कार्यक्रम प्रस्तावित है।
महज छह साल की उम्र में सात सम्मान हासिल करने वाले विराज की उपलब्धियों ने उदयपुर को गौरवान्वित किया है।
