नीति गोपेन्द्र भट्ट
नई दिल्ली/जयपुर । राजस्थान के राज्यपाल हरिभाऊ बागडे से सुर संगम संस्थान के प्रतिनिधिमंडल की लोक भवन जयपुर में शिष्टाचार भेंट हुई । प्रतिनिधिमंडल में सुर संस्थान के राष्ट्रीय महासचिव मुकेश अग्रवाल , वीणा म्यूजिक के प्रबन्ध निदेशक हेमजीत मालू और मानद सलाहकार जी एन भट्ट शामिल थे।
प्रतिनिधिमंडल ने राज्यपाल बागड़े को 30 सितम्बर को राजस्थान रत्न के सी मालू को समर्पित स्वर सरिता भावांजलो विशेषांक और 2 अक्टूबर को सुर संगम संस्थान के 37 वें राष्ट्रीय प्रतिभा खोज प्रतियोगिता में विजेताओं रहें होनहार प्रतिभाओं के अवार्ड समारोह में मुख्य अतिथि के रूप में आमंत्रित किया। सुर संगम संस्थान के स्वर्ण जयन्ती पर आयोजित किया जा रहा यह समारोह इस बार संस्थान के संस्थापकों में से एक कलाविद के सी मालू जी को समर्पित किया जा रहा है जिनका पिछली चौदह जुलाई को असामयिक निधन हो गया था।
सुर संस्थान के राष्ट्रीय महासचिव मुकेश अग्रवाल ने राज्यपाल को सिल्क का दुपट्टा ओढ़ाया और वीणा म्यूजिक के प्रबन्ध निदेशक हेमजीत मालू ने स्मृति चिह्न और स्वर सरिता सांस्कृतिक पत्रिका के अंक भेंट किए।
उन्होंने राज्यपाल बागडे को बताया कि आज टीवी के विभिन्न कार्यक्रमों में संगीत प्रतियोगिता की बाढ़ आई हुई है लेकिन 1977 में स्थापित सुर संगम के संस्थापकों में से एक कलाविद के सी मालू जी ने पच्चास वर्षों पूर्व देश की संगीत प्रतिभाओं को खोजने का उपक्रम किया था जिसके परिणाम स्वरूप श्रेया घुशाल, वकील मोहम्मद सहित कई प्रतिभाओं को राष्ट्रीय फलक पर तराशा जा सका ।
इसी प्रकार 1987 में स्थापित वीणा म्यूजिक ग्रुप आज अपनी स्थापना के चालीस वें वर्ष में है। इसके माध्यम से कला पुरोधा के सी मालू जी ने राजस्थानी संगीत और सेकड़ो लुप्त कलाकारों को अंतरराष्ट्रीय पहचान एवं ख्याति दिलाई तथा उन्हें मंच प्रदान करवा उनकी स्थाई आजीविका के साधन भी मुहैया कराये ।
*कर्नाटका के राज्यपाल से भी भेंट*
शिष्टमण्डल के सदस्यों ने लोकभवन जयपुर में कर्नाटका के राज्यपाल थावर चंद गहलोत से भी शिष्टाचार भेंट की ।